चोरी की वारदात का एक आरोपी गिरफ्तार

टोंक। उनियारा सर्किल के बनेठा थाना पुलिस ने चोरी की वारदात के एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रतनलाल भार्गव के निर्देशन में वृताधिकारी वृत उनियारा आकांक्षा चौधरी के सुपरविजन में बनेठा थाना अधिकारी भागीरथ सिंह के नेतृत्व में गठित टीम द्वारा कस्बे ककोड में दिसंबर माह की रात्रि को अज्ञात व्यक्तियों द्वारा तीन दुकानों के ताले तोड़कर दुकानों में रखे सामान व करीब 7500 को चुराकर ले गए थे। घटना को लेकर लोगों में आक्रोश फैल गया था।
इस संबंध में पीड़ित व्यक्तियों द्वारा बनेठा थाने में मुकदमा दर्ज करवाया गया था। थाना अधिकारी द्वारा प्रकरण दर्ज कर जाच शुरु की गई। तब्दीस में मुलजिम ओमप्रकाश पुत्र महावीर मीणा उम्र 24 वर्ष निवासी अरनिया माल थाना मेहंदवास टोंक को पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया गया। मुलजिम से बरामदगी व अन्य वारदात में शामिल लोगों के बारे में अनुसंधान जारी है।
याचिका में उठाये गए मुद्दों का परीक्षण कर 15 दिन मे विधि सम्मत कार्यवाही करे
टोंक। जिले के मालपुरा उपखण्ड के चांदसेन के स्कूल खेल मैदान पर अतिक्रमण व पट्टे देने की तैयारी से जुडी याचिका पर राजस्थान हाईकोर्ट, जयपुर ने मालपुरा के उपखण्ड अधिकारी को निर्देश दिए हैं, कि वे याचिकाकर्ता द्वारा प्रेषित किए गए विधिक नोटिस व याचिका मे उठाये गए मुद्दों का परीक्षण कर 15 दिन मे विधि सम्मत कार्यवाही करें।
न्यायाधीश अनुरूप सिंघी की एकलपीठ ने यह आदेश चांदसेन स्कूल की एसडीएमसी के सदस्य व पर्यावरण कार्यकर्ता रामनारायण रैगर द्वारा एडवोकेट लक्ष्मीकांत शर्मा मालपुरा के जरिये दायर की गई याचिका का सुनवाई के बढ़ निस्तारण करते हुए दिए। याचिका मे बताया गया हैं कि राजस्व रिकॉर्ड मे स्कूल के खेल मैदान के नाम दर्ज भूमि पर गांव के प्रभावशाली लोगो ने अतिक्रमण कर रखे हैं,
वही ग्राम पंचायत इस खेल मैदान पर आबादी के पट्टे देने की तैयारी कर रही हैं, इस बारे मे ग्रामीणों मे मुख्यमंत्री सहित उच्च अधिकारियो को ज्ञापन भेजकर अवगत भी करवाया, किन्तु कोई कार्यवाही नहीं हुई, जिसे याचिका मे चुनौती देते हुए खेल मैदान को सरक्षित रखने की न्यायालय से गुहार की गई,
अदालत ने मामले की सुनवाई के बाद याचिका का निस्तारण करते हुए मालपुरा के उपखण्ड अधिकारी को याचिकाकर्ता द्वारा प्रस्तुत किए जाने वाले अभ्यावेदन पर 15 दिन मे विधि सम्मत निर्णय कर उस आदेश से याचिकाकर्ता को अवगत करवाने को कहा हैं।
