युवा दिवस पर विधिक सेवा प्राधिकरण टोंक की पहल : नशा-निवारण
टोंक। राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण टोंक द्वारा राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय कोठी नातामाम में व्यापक विधिक जागरूकता एवं नशा-निवारण शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण टोंक के सचिव एवं अपर जिला न्यायाधीश दिनेश कुमार जलुथरिया ने की, अपने संबोधन में सचिव ने स्वामी विवेकानंद की जीवनी, उनके विचारों तथा युवाओं में चरित्र निर्माण के महत्व पर विस्तृत रूप से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय युवा दिवस केवल एक ऐतिहासिक तिथि नहीं, बल्कि युवाओं को आत्मविश्वास, अनुशासन, परिश्रम, सत्यनिष्ठा और राष्ट्रभक्ति की दिशा में प्रेरित करने का अवसर है, उन्होंने युवाओं को संदेश दिया कि नशा, हिंसा, अपराध व अनुशासनहीनता जैसे व्यवहार युवाओं की प्रगति को बाधित करते हैं।
विशेष रूप से उन्होंने रेखांकित किया कि परीक्षाओं में नकल करना, गलत तरीकों का सहारा लेना, तथा अनुचित आचरण अपनाना न केवल व्यक्तिगत क्षति है, बल्कि यह कानूनी और नैतिक रूप से भी गलत है, सचिव ने यह भी स्पष्ट किया कि युवाओं के समक्ष बढ़ते जोखिमों विशेषकर नशे की प्रवृत्ति को देखते हुए नालसा की डान (ड्रग अवेयरनेस एण्ड वैलनेस नेविगेशन) योजना महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
योजना के तीन स्तंभों अवेयरनेस, वैलनेस एवं नेविगेशन के माध्यम से युवाओं को नशे के दुष्प्रभाव, संबंधित कानूनी प्रावधान, स्वास्थ्य एवं मानसिक संतुलन का महत्व, तथा सहायता व पुनर्वास तंत्र की दिशाओं से परिचित कराया गया। अधिवक्ता बेणीप्रसाद गुर्जर एवं अधिवक्ता बुधराम चौधरी ने विधिक साक्षरता के महत्व पर जोर दिया और युवाओं को बताया कि जागरूक होना उन्हें गलत प्रवृत्तियों से दूर रखता है।
उन्होंने नशे से जुड़े अपराधों, दंडात्मक प्रावधानों और दुष्परिणामों को सहज तरीके से समझाया। विद्यालय के प्रधानाचार्य रामदयाल जांगिड़ ने कहा कि युवाओं के व्यक्तित्व विकास में ऐसे कार्यक्रम अत्यंत उपयोगी हैं और विद्यालय भविष्य में भी इससे संबंधित सभी पहलुओं को सहयोग प्रदान करेगा। कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों, शिक्षकों और उपस्थित प्रतिभागियों ने एनसीबी द्वारा संचालित ई-प्रतिज्ञा ‘से यस टू लाईफ, से नो टू ड्रग्स’ ली। इस प्रतिज्ञा के माध्यम से सभी ने नशा-मुक्त जीवनशैली, स्वस्थ आदतों और सकारात्मक दिशा में आगे बढऩे का संकल्प लिया।
